छात्रों ने प्रधानमंत्री का पुतला जलाकर किया विरोध प्रदर्शन।

शहाबुद्दीन अहमद
बेतिया, बिहार।
बेतिया में छात्रों और युवाओं ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग की इक्विटी रेगुलेंस 2026 के विरोध में प्रदर्शन किया।छात्र नेता अभिमनु राव के नेतृत्व में महारानी जानकी कुंवर महाविद्यालय के मुख्य मार्ग पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन कर नए नियमों का विरोध जताया गया।इस दौरान छात्रों ने नारेबाजी करते हुए नियमों का वापस लेने की मांग की। छात्र नेता,अभिमन्यु राव ने संवाददाता को बताया कि यूजीसी के नए इक्विटी नियम सामान्य वर्ग के छात्रों,  शिक्षकों की हितों की खिलाफ है,उन्होंनेआरोप लगाया है कि इक्विटी कमेटी के सामान्य वर्ग के कोई प्रतिनिधि नहीं है,शिकायत करने वालों की सुनी जा रही है,इनके खिलाफ कोई डंडानात्मक कार्रवाई का स्पष्ट प्रावधान नहीं है।राव ने आशंका जताई है कि इन प्रावधानों से एक तरफा कार्रवाई की संभावना बढ़ जाती है,जिससे सामान्य वर्ग के छात्रों में भय का माहौल बन गया है।प्रदर्शन को संबोधित करते हुए छात्र नेता सोनू चौबे ने संवाददाता को बताया कि यूजीसी की यह गाइडलाइन उच्च शिक्षण संस्थानों मेंअसमानता को बढ़ावा दे सकती है,उन्होंने शिकायत दर्ज होते ही व्यक्ति को दोषी मान लेने की प्रवृत्ति को खतरनाक बताया है, जिससे निष्पक्षता,न्याय की भावना कमजोर होती नजर आ रही है।एमजेके कॉलेज के छात्र संघअध्यक्ष,रोहित मिश्रा ने भी संवाददाता को बताया कि उच्च शिक्षण संस्थान में योग्यता,बौद्धिक क्षमता,समानऔसर के केंद्र होते हैं।इन लोगों ने चिंता व्यक्त की है कि समानता के नाम पर लिए गए नए प्रावधान इसीअवधारणा पर सवाल खड़े कर रहे हैं,उन्होंने यूजीसी के नियमों की समीक्षा करने,सभी वर्गों के लिए समान,पारदर्शी व्यवस्था लागू करने की मांग की है। प्रदर्शन के कारण कुछ देर के लिए यातायात भी प्रभावित रहा,सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया।इस दौरान अनूप राव,आलोक चौबे, सिद्धार्थ शुक्ला,प्रिंस कुमार मनीष राव सहित कई अन्य छात्र भी मौजूद रहे।

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