हज़रत बाबा इमदाद अली शाह रहमतुल्लाह अलैह का सालाना उर्स बहुत ही शान व शौकत के साथ मनाया गया।
दीनी और दुनियावी हर तरह की इल्म हासिल करना हर मोमिन को बहुत जरूरी है अपने हक व हुकुक की अदायगी के लिए : मुफ्ती अजहर शमसी
इल्म को अपना हथियार बनाओ जिससे हक और बातिल को समझा जा सके : मौलाना मोहम्मद असलम
जुबेर आलम
गोरखपुर, उत्तर प्रदेश।
हर साल की तरह इस साल भी हजरत बाबा इमदाद अली शाह रहमतुल्लाह अलैह के अस्ताने तुर्कमानपुर में सालाना उर्स बहुत ही शान व शौकत के साथ मनाया गया। इस वर्ष रमजान का पाक महीना होने की वजह से मिलाद का कार्यक्रम शाम 4:30 बजे से शुरू हुआ, जिसमें सबसे पहले कारी शराफत हुसैन कादरी साहब ने कुरान की तिलावत की। मोहसिन रजा, कारी अशरफ, हाफिज सैफ , मोअज़्ज़म ने नात पाक पड़ी। प्रोग्राम की सदारत करते हुए नूरी मस्जिद तुर्कमानपुर के इमाम साहब मौलाना मोहम्मद असलम साहब ने बताया की इल्म को अपना हथियार बना जिससे हक और बातिल में फर्क समझा जा सके। प्रोग्राम के खूसूसी मेहमान गोरखपुर शहर के नायब काज़ी मुफ्ती अजहर शम्सी साहब ने बताया कि दीनी और दुनिया भी दोनों तरह का इल्म हासिल करना हर मोमिन के लिए बेहद जरूरी है जिससे अपने हक और हुकूक की अदायगी किया जा सके । प्रोग्राम के आखिर में मुल्क में अमन व अमान के लिए खुसूसी दुआ की गई। मिलाद के प्रोग्राम के बाद रोज इफ्तार का भी आयोजन किया गया था। जिसमें सभी रोजेदारोंने रोजाइफ्तार किया। सवेरे ठीक 7:00 बजे कुल शरीफ का आयोजन किया गया, जिसमें मुल्क की तरक्की, अमन व अमान के लिए खूसूसी दुआ की गई।
प्रोग्राम के अंत में प्रोग्राम के आयोजक व अस्ताने के अध्यक्ष हाजी जलालुद्दीन कादरी और मीडिया प्रभारी मोहम्मद आकिब अंसारी ने अपने आने वाले सभी मेहमानों व उलमाओं का तहे दिल से शुक्रिया अदा किया। प्रोग्राम के इस अवसर पर , मोहम्मद शाबान, अलाउद्दीन निजामी, अबरार निजामी, मोहम्मद वाजिद, मुनव्वर अहमद, मास्टर अरशद, रहमत अली आदि लोगों ने शिरकत किया।
Comments
Post a Comment